• --New-- Click here to Watch News channel online.
  • मातृत्व स्वास्थ्य के मुद्दों को लेकर एम.एच.आर.सी.व आस ने 15 सूत्रीय माँग पत्र सौंपा | Rubaru news
    Powered by Blogger.

    मातृत्व स्वास्थ्य के मुद्दों को लेकर एम.एच.आर.सी.व आस ने 15 सूत्रीय माँग पत्र सौंपा


    दतिया (Dr.RamjisharanRai) @www.rubarunews.com>> मध्यप्रदेश मातृत्व स्वास्थ्य हकदारी अभियान (एम.एच.आर.सी.) व एक्शन अगेन्स्ट सेक्स सलेक्शन (आस) जिला इकाई दतिया द्वारा मातृत्व स्वास्थ्य के मुद्दों पर 15 सूत्रीय माँग पत्र कलेक्टर बी.एस. जामोद के नाम अपर कलेक्टर  वीरेन्द्र रघुवंशी को सौंपा गया।
    अपर कलेक्टर  वीरेन्द्र रघुवंशी ने माँगप़त्र में 15 माँगों पर विन्दुबार माँगपत्र देने वाले सदस्यों से बारी-बारी कर स्पष्टता करते हुए उपस्थित मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. पी.के. शर्मा से विन्दुबार चर्चा कर अविलम्ब आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए।
                              माँगपत्र में पमुख रूप से निम्न विन्दु समाहित थे: ग्राम आरोग्य केन्द्रों पर आवश्यक उपकरण (वजन मशीन, बीपी उपकरण आदि) व निर्धारित सूची अनुसार दवाईयों की उपलब्धता सुनिश्चित की जावे। गर्भवती महिलाओं के पेट, मूत्रजाँच, हीमोग्लोबिन की जाँच अवश्य की जावे। इसके लिए ग्राम स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस आयोजन स्थल पर यथोचित एएनसी टेबिल, स्टूल व पर्दा की व्यवस्था की जावे। महिलाओं की गर्भवस्था का पंजीयन पहली तिमाही में यथाशीघ्र सुनिश्चित किया जावे साथ ही उनका नियमित वजन लिया जाकर उन्हें अवगत कराया जावे। आयरन व कैल्शियम का अनुपूरण सुनिश्चित किया जावे जावे साथ ही आवश्यक परामर्श भी किया जावे। गर्भवती महिलाओं व परिजनों का सेवाप्रदाताओं द्वारा प्रभावी परामर्श किया जावे ताकि वे प्राप्त सेवाओं व सुविधाओं का लाभ ले सकें। गर्भवस्था के दौरान महिलाओं को जोखिम पूर्ण (हाईरिस्क) स्थिति के लक्षणों के बारे में जानकारी प्रदान की जावे साथ इसके लक्षण प्रदर्शित होने पर अविलम्व यथोचित स्वास्थ्य केन्द्र पर जाने की जानकारी दी जावे।
                                प्रसव पीड़ा होने पर बिना विलम्ब के परिवहन सुविधा उपलब्ध कराई जावे। आपात कालीन सेवाओं के नम्बर भी प्रसूताओं व परिजनों को उपलब्ध कराए जावे। प्रसव पीड़ा के दौरान अधिक समय लगने पर यथोचित रैफरल केन्द्र पर महिला को बिना विलम्ब के पहुुँचाया जावे। गर्भावस्था के दौरान परामर्श केसमय रैफरल संस्थाओं के नाम व स्थान भी बताए जावे। जिला चिकित्सालय जो कि अंतिम रैफरल यूनिट है वहाँ से अनावश्यक रैफर न किया जावे। सरकारी संस्थाओं (प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, सिविल अस्पताल या जिला अस्पताल) में प्रसूताओं या उनके परिजनों से आवश्यक जाँच, औषधि, सुविधा या सेवाओं के लिए राशि वसूली बन्द की जावे एवं उक्त जाँच, दबाईयाँ आदि बाजार से न मँगवाई जावे। उप स्वास्थ्य केन्द्र व ग्राम आरोग्य केन्द्रों को प्रदान की जाने वाली अनाबद्ध राशि का भुगतान नियमित किया जावे। उप स्वास्थ्य केन्द्र व ग्राम आरोग्य कंेन्द्र पद प्रदान की जाने वाली सेवाओं व सुविधाओं को प्रभावी बनाने हेतु उक्त केन्द्रों की नियमित निगरानी कर सेवा प्रदाताओं के कार्यों की प्रभावी समीक्षा की जावे। ब्लाॅक, जिला व राज्य के जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा समय-समय पर क्षेत्र भ्रमण कर मातृत्व स्वास्थ्य की प्रदान की जाने वाली सेवाओं व सुविधाओं की वास्तविक स्थिति को जानकर अच्छे कार्य के लिए सेवाप्रदाताओं को पुरूष्कृत/ प्रोत्साहित व उचित कार्य न करने पर आवश्यक दण्डात्मक कार्यवाही करने की प्रक्रिया की जावे। जिला महिला चिकित्सालय को वर्तमान में संचालित भवन में ही संचालित किया जावे उसे नवीन भवन में स्थानांतरित न किया जावे। क्योंकि वर्तमान में संचालित भवन भी नवनिर्मित है, भवन में कुछ समय पूर्व ही आॅक्सीजन लाइन डालने के लिए लाइन बड़ी राशि व्यय की गई। भवन के समीप ही गहन नवजात शिशु देखभाल यूनिट भी संचालित है जिससे माँ और बच्चे की दूरी कम रहती है वे आसानी से स्तनपान करा सकती हैं। जिला चिकित्सालय में वर्तमान में 3 अल्ट्रासोनोग्राफी मशीन उपलब्ध हैं जबकि पदस्थ विशेषज्ञ चिकित्सकांे द्वारा उनका उपयोग नहीं किया जा रहा केवल एक मशीन ही उपयोग की जा रही है। दो मशीनें उपयोग में नहीं हैं जिन्हें शील किया जाना चाहिए।
              उक्त माँगों के आधार पर मातृत्व स्वास्थ्य हकदारी अभियान मध्यप्रदेश व एक्शन अगेन्स्ट सेक्स सलेक्शन (आस) मातृत्व स्वास्थ्य की सेवाओं व सुविधाओं में आवश्यक सुधार कराने की माँग करता है। इस हेतु ब्लाॅक, जिला एवं प्रदेश स्तरीय स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अधिकरियों को अवगत कराने की प्रक्रिया भी अभियान सहयोगियों द्वारा समय-समय पर की जारही है। इस प्रक्रिया से स्वास्थ्य सेवाओं व सुविधाओं के बेहतर परिणाम की प्रतीक्षा में अभियान सहयोगी है।
                               माँगपत्र देने वालों में अभियान सहयोगी एडवोकेट कल्पना राजे बैश्य, वरिष्ठ साहित्यकार वीरेन्द्र शर्मा, समाजसेवी सरदार सिंह गुर्जर, पूर्व सरपंच अरविन्द दाँगी, अशोक कुमार शाक्य, बलवीर पांचाल प्रस्फुटन समिति सेंमई, राहुल कुशवाहा, मुरारी कुशवाहा युवा मण्डल घरावा, गोकुल कुशवाहा, पीयूष राय मेंटर यूथ क्लब, सहित समाजसेवी डाॅ. राजू त्यागी, अतुल चैघरी, रामजीशरण राय राज्य समन्वय समिति मातृत्व स्वास्थ्य हकदारी अभियान मध्यप्रदेश व एक्शन अगेन्स्ट सेक्स सलेक्शन (आस) सहित अन्य साथी सम्मिलित रहे। मातृत्व स्वास्थ्य हकदारी अभियान मध्यप्रदेश व एक्शन अगेन्स्ट सेक्स सलेक्शन (आस) ाम सदस्यों द्वारा जिला महिला चिकित्सालय का भ्रमण कर वास्तविक स्थिति को जानने के लिए स्टाफ से चर्चा की।

    Share on Google Plus

    About www.rubarunews.com

    This is a short description in the author block about the author. You edit it by entering text in the "Biographical Info" field in the user admin panel.
      Blogger Comment
      Facebook Comment

    0 comments:

    Post a Comment